देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नागथात में आयोजित जौनसार-बावर लोक सांस्कृतिक महोत्सव एवं क्रीड़ा समारोह-2026 में प्रतिभाग करते हुए क्षेत्र के विकास के लिए अनेक महत्वपूर्ण योजनाओं की घोषणा की। इस अवसर पर उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्वर्गीय केदार सिंह की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
मुख्यमंत्री धामी ने समरजेंस मोटर मार्ग के चौड़ीकरण एवं डामरीकरण, प्राथमिक विद्यालय नागथात को आदर्श विद्यालय के रूप में विकसित करने, यमुना नदी पर 60 मीटर स्पैन पुल निर्माण, छामरी एवं जाखणी तक मोटर मार्ग निर्माण तथा सकरोल से द्वितीय सिद्धपीठ श्री महासू महाराज थैना तक सड़क निर्माण सहित विभिन्न विकास कार्यों की घोषणा की। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं से क्षेत्र की आधारभूत सुविधाओं और संपर्क व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

उन्होंने कहा कि जौनसार-बावर केवल एक भौगोलिक क्षेत्र नहीं, बल्कि उत्तराखंड की सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण केंद्र है। यहां की समृद्ध लोक संस्कृति, परंपराएं और लोक कलाएं नई पीढ़ी को अपनी विरासत से जोड़ने का कार्य कर रही हैं। उन्होंने कहा कि जौनसार-बावर में उन्हें उत्तराखंड की मूल आत्मा के दर्शन होते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में जनजातीय समाज के कल्याण और सशक्तिकरण के लिए अनेक ऐतिहासिक पहल की गई हैं। राज्य सरकार भी जनजातीय क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं के विस्तार के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री जनजातीय उन्नत ग्राम अभियान के अंतर्गत प्रदेश के 128 जनजातीय गांवों का चयन किया गया है, जहां आधारभूत सुविधाओं का तेजी से विकास किया जा रहा है। साथ ही जनजातीय विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति, आवासीय विद्यालयों और अन्य योजनाओं का लाभ प्रदान किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चकराता क्षेत्र के विकास के लिए स्वीकृत अधिकांश योजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं तथा शेष परियोजनाओं पर तेजी से कार्य जारी है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में 1300 करोड़ रुपये से अधिक की सड़क परियोजनाओं पर कार्य प्रगति पर है। राष्ट्रीय राजमार्ग-707 एवं 707ए के चौड़ीकरण के साथ-साथ जजरेड क्षेत्र में भूस्खलन की समस्या के स्थायी समाधान के लिए भी प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार विकास और विरासत दोनों को साथ लेकर आगे बढ़ रही है। जनजातीय संस्कृति के संरक्षण एवं संवर्धन के साथ क्षेत्रीय विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
कार्यक्रम में विधायक मुन्ना सिंह चौहान, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष मधु चौहान, दायित्वधारी गीता राम गौड़, मेला समिति के अध्यक्ष नरेश चौहान, महासचिव नरेन्द्र तोमर सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति एवं बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
