देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने परेड ग्राउंड में आयोजित राज्योत्सव समारोह में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह का समस्त प्रदेशवासियों की ओर से स्वागत एवं अभिनंदन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य स्थापना की 26वीं वर्षगांठ से पहले गृह मंत्री का देवभूमि आगमन प्रदेश के लिए गौरव और प्रसन्नता का विषय है।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में देश की एकता, अखंडता और आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने के लिए ऐतिहासिक निर्णय लिए गए हैं। अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को हटाने, नागरिकता संशोधन अधिनियम और तीन नए आपराधिक कानूनों के माध्यम से राष्ट्रीय एकता एवं न्याय व्यवस्था को मजबूती मिली है। आतंकवाद, अलगाववाद और नक्सलवाद के विरुद्ध कठोर कार्रवाई से देश में शांति और विकास का वातावरण बना है। वहीं, सहकार से समृद्धि अभियान किसानों, पशुपालकों और छोटे उद्यमियों को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
उन्होंने उत्तराखण्ड पुलिस को प्रतिष्ठित राष्ट्रपति पुलिस कलर प्रदान किए जाने को प्रदेश के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि बताते हुए गृह मंत्री का आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि 9 नवंबर को राज्य स्थापना के 26 वर्ष पूरे हो रहे हैं। पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी ने राज्य आंदोलनकारियों के संघर्ष और बलिदान का सम्मान करते हुए पृथक उत्तराखण्ड राज्य का सपना साकार किया था। वर्तमान सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में राज्य आंदोलनकारियों की आकांक्षाओं के अनुरूप विकसित उत्तराखण्ड के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन सरकार के प्रयासों से प्रदेश में सड़क, रेल, हवाई कनेक्टिविटी, आधारभूत ढांचे, पर्यटन, उद्योग और स्वरोजगार के क्षेत्र में तेजी से काम हो रहा है। केंद्र और राज्य सरकार के समन्वय से विकास योजनाओं को गति मिली है और रोजगार के नए अवसर सृजित हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि कुछ ताकतें विकास के मुद्दों पर सार्थक चर्चा करने के बजाय भ्रम और टकराव का माहौल बनाने का प्रयास कर रही हैं। लोकतंत्र में सवाल पूछना और असहमति व्यक्त करना सभी का अधिकार है, लेकिन युवाओं को भड़काना, अफवाह फैलाना और हिंसा को प्रोत्साहित करना उचित नहीं है। लोकतांत्रिक संस्थाओं और चुनावी प्रक्रियाओं के प्रति दोहरा रवैया भी स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने श्रीनगर और रुद्रपुर में आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के कार्यक्रमों में जनता की व्यापक भागीदारी का भी उल्लेख किया।
मुख्यमंत्री ने हिमाचल प्रदेश और उत्तराखण्ड के बजट की तुलना करते हुए कहा कि समान भौगोलिक परिस्थितियों वाले हिमाचल प्रदेश का बजट लगभग 54 हजार 928 करोड़ रुपये है, जबकि उत्तराखण्ड का बजट लगभग एक लाख 11 हजार 703 करोड़ रुपये पहुंच गया है। यह राज्य सरकार की विकास के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड विभिन्न क्षेत्रों में राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान मजबूत कर रहा है। नीति आयोग के सतत विकास लक्ष्य सूचकांक में प्रदेश ने प्रथम स्थान प्राप्त किया है। खनन क्षेत्र में सुधारों के लिए केंद्र सरकार से 200 करोड़ रुपये का पुरस्कार मिला है। मत्स्य विकास के क्षेत्र में हिमालयी एवं पूर्वोत्तर राज्यों की श्रेणी में उत्तराखण्ड को सर्वश्रेष्ठ राज्य का सम्मान प्राप्त हुआ है। पर्यटन के क्षेत्र में बेस्ट एडवेंचर और बेस्ट वाइल्डलाइफ डेस्टिनेशन जैसे पुरस्कार तथा फिल्म निर्माण के अनुकूल वातावरण के लिए ‘मोस्ट फिल्म फ्रेंडली स्टेट’ का राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदेश की उपलब्धियों में शामिल हैं।
आर्थिक प्रगति का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष प्रदेश की सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) लगभग 3 लाख 82 हजार करोड़ रुपये, प्रति व्यक्ति आय लगभग 2 लाख 74 हजार रुपये और आर्थिक वृद्धि दर करीब 7.23 प्रतिशत रहने का अनुमान है। प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय राष्ट्रीय औसत से 25 प्रतिशत से अधिक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि की जनता विकास, सुरक्षा और संवेदनशील एवं जवाबदेह शासन चाहती है। राज्य सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में इन अपेक्षाओं को पूरा करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
समारोह में पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिंह कोश्यारी, विजय बहुगुणा, तीरथ सिंह रावत एवं डॉ. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’, केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री अजय टम्टा, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, सांसद अनिल बलूनी, अजय भट्ट एवं बांसुरी स्वराज, कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, गणेश जोशी, मदन कौशिक, खजान दास, सुबोध उनियाल, डॉ. धन सिंह रावत, राम सिंह कैड़ा, सौरभ बहुगुणा, रेखा आर्य एवं प्रदीप बत्रा, देहरादून के महापौर सौरभ थपलियाल सहित विधायकगण, जनप्रतिनिधि, विभिन्न दायित्वधारी, वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में प्रदेशवासी उपस्थित रहे।
