देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में आज सचिवालय में प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक आयोजित हुई। बैठक में ऊर्जा, चिकित्सा शिक्षा, कारागार, विधिक माप विज्ञान, माध्यमिक शिक्षा, खेल, पर्यटन एवं अन्य विभागों से संबंधित महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा के बाद कई अहम निर्णय लिए गए। मुख्यमंत्री के अपर सचिव एवं सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी ने प्रेस ब्रीफिंग के दौरान कैबिनेट के निर्णयों की जानकारी दी।
कैबिनेट ने उत्तराखण्ड विद्युत नियामक आयोग की वर्ष 2024-25 की वार्षिक रिपोर्ट को आगामी विधानसभा सत्र में सदन के पटल पर रखे जाने तथा आयोग के वार्षिक लेखा विवरण को विधानमंडल के पटल पर रखे जाने के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की।
बैठक में उत्तराखण्ड कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवा विभाग समूह ‘क’ एवं ‘ख’ सेवा नियमावली, 2026 में संशोधन के प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी गई। इसके तहत कारागार विभाग के सुधारात्मक विंग के लिए अपर महानिरीक्षक कारागार के एक नवसृजित पद को संवर्गीय ढांचे में समाहित किया जाएगा। इसके साथ ही विभागीय एवं कर्मचारी हित में संबंधित सेवा नियमावली, 2026 के प्रख्यापन को भी कैबिनेट ने मंजूरी दी।
कैबिनेट ने उच्चतम न्यायालय, उच्च न्यायालय एवं अधीनस्थ न्यायालयों में आबद्ध शासकीय अधिवक्ताओं को देय शुल्क की दरों के पुनर्निर्धारण को स्वीकृति प्रदान की। मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित सात सदस्यीय समीक्षा समिति ने शासकीय अधिवक्ताओं की फीस में वृद्धि की संस्तुति की थी।
विधिक माप विज्ञान के क्षेत्र में भी कैबिनेट ने महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए उत्तराखण्ड विधिक माप विज्ञान (प्रवर्तन) नियमावली, 2012 में संशोधन के प्रस्ताव को मंजूरी दी। इसके तहत उत्तराखण्ड विधिक माप विज्ञान (प्रवर्तन) (संशोधन) नियमावली, 2026 का प्रख्यापन किया जाएगा। यह कदम भारत सरकार के Ease of Doing Business Compliance Reduction और Trust Based Regulatory Framework के अंतर्गत लाइसेंसिंग प्रक्रिया को सरल बनाने के उद्देश्य से किए जा रहे सुधारों के अनुरूप है।
चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में कैबिनेट ने बड़ा निर्णय लेते हुए प्रदेश के राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर, हल्द्वानी, देहरादून, हरिद्वार एवं अल्मोड़ा में एमबीबीएस इंटर्न को मिलने वाले स्टाइपेंड को 17 हजार रुपये प्रतिमाह से बढ़ाकर न्यूनतम 25 हजार रुपये प्रतिमाह करने की स्वीकृति प्रदान की।
माध्यमिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत अपर सहायक अध्यापक व्यायाम के लेवल-6 के 33 पद सृजित किए जाने के प्रस्ताव को भी कैबिनेट ने मंजूरी दी। इसके लिए सहायक अध्यापक व्यायाम के लेवल-7 के कुल 1898 सृजित पदों में से 33 पद समर्पित किए जाएंगे। यह निर्णय अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय खेलों में स्वर्ण पदक विजेता खिलाड़ियों को खेल नीति के प्रावधानों के अनुसार आउट ऑफ टर्न सेवायोजन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लिया गया है।
कैबिनेट ने खेल नीति, 2021 के तहत अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय खेलों में पदक विजेता खिलाड़ियों को राजपत्रित एवं अराजपत्रित पदों पर आउट ऑफ टर्न सेवायोजन दिए जाने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति प्रदान की। इसके अंतर्गत खेल विभाग, युवा कल्याण विभाग, गृह विभाग, परिवहन विभाग, शिक्षा विभाग एवं वन विभाग के कुल 243 पदों पर नियुक्ति का मार्ग प्रशस्त होगा।
पर्यटन के क्षेत्र में कैबिनेट ने देहरादून के पुरूकुल गांव से मसूरी के लाइब्रेरी चौक तक प्रस्तावित रोप-वे परियोजना के अपर टर्मिनल प्वाइंट एवं पार्किंग निर्माण के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिया। इसके तहत पर्यटन विभाग को प्राप्त भूमि के बराबर 972 वर्ग मीटर भूमि, जो मसूरी स्थित गढ़वाल मंडल विकास निगम की पार्किंग के लिए क्रय की गई भूमि में शामिल है, गढ़वाल सभा मसूरी को पूर्व में लीज पर दी गई भूमि के समकक्ष लीज पर दिए जाने की अनुमति प्रदान की गई।
इसके अतिरिक्त कर्मचारी राज्य बीमा निगम के चिकित्सालय, हरिद्वार के समीप चिन्हित 15 एकड़ भूमि को ईएसआई के निर्माण के लिए आवंटित किए जाने के प्रस्ताव को भी कैबिनेट ने मंजूरी प्रदान कर दी।