देहरादून,18 जून। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने गुरुवार को ऋषिपर्णा सभागार, कलेक्ट्रेट में जनपद में संचालित विभिन्न विकास योजनाओं एवं मुख्यमंत्री घोषणाओं की प्रगति की समीक्षा की। विभागवार कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्होंने अधिकारियों को लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने तथा प्रगति में किसी भी प्रकार की शिथिलता न बरतने के निर्देश दिए।
बैठक में अधिकारियों ने अवगत कराया कि शहर में सीवर लाइन, पेयजल लाइन तथा विद्युत लाइनों के अंडरग्राउंड कार्य कटिंग अनुमति नहीं मिलने के कारण प्रभावित हो रहे हैं। इस पर जिलाधिकारी ने ऐसे सभी लंबित मामलों की विस्तृत सूची तत्काल प्रस्तुत करने के निर्देश दिए, ताकि आवश्यक स्तर पर समन्वय स्थापित कर कार्यों को गति प्रदान की जा सके।
जिलाधिकारी ने मुख्य विकास अधिकारी को विभिन्न विभागों द्वारा संचालित विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण कर वास्तविक स्थिति की आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नियमित मॉनिटरिंग एवं स्थलीय सत्यापन से कार्यों की गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित की जा सकेगी।
मोहब्बेवाला क्षेत्र में ट्यूबवेल, ओवरहेड टैंक एवं राइजिंग मेन बिछाने के कार्यों में विलंब पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त करते हुए जल संस्थान पित्थूवाला के संबंधित सहायक अभियंता (एई) को वेतन रोकने की चेतावनी दी। वहीं, दून एन्क्लेव एक्सटेंशन क्षेत्र में प्रस्तावित नलकूप निर्माण के लिए संबंधित अधिकारियों को 15 दिनों के भीतर भूमि चिन्हित करने के निर्देश दिए।
रेन वाटर हार्वेस्टिंग एवं रिचार्ज शाफ्ट निर्माण कार्यों की समीक्षा के दौरान बताया गया कि 51 स्वीकृत कार्यों में से 22 पूर्ण हो चुके हैं। इस पर जिलाधिकारी ने लघु सिंचाई विभाग को शेष कार्यों को 30 जून तक हर हाल में पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि निरीक्षण के दौरान यदि किसी स्थल का चयन अनुचित अथवा त्रुटिपूर्ण पाया गया तो संबंधित अधिकारी के विरुद्ध वेतन रोकने सहित नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
लोक निर्माण विभाग के लगभग 218 करोड़ रुपये की लागत वाले लंबित कार्यों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने देरी के कारणों पर स्पष्टीकरण मांगा तथा सड़क, पुल और अन्य अधोसंरचनात्मक परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। भंडारी बाग ओवरब्रिज निर्माण कार्य की समीक्षा के दौरान उन्होंने अधिकारियों को अगस्त माह से पूर्व परियोजना पूर्ण करने के निर्देश दिए, ताकि आमजन को यातायात संबंधी सुविधा का लाभ मिल सके।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि मुख्यमंत्री घोषणाओं एवं विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ निर्धारित समय सीमा में कार्य पूर्ण करें तथा जनहित से जुड़े कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता दें।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. मनोज शर्मा, निदेशक ग्राम्य विकास अभिकरण विक्रम सिंह, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी एस.के. गिरी सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी एवं कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
