देहरादून 9 मई। उत्तराखण्ड प्रदेश कांग्रेस पूर्व सैनिक विभाग द्वारा अग्निवीर भर्ती योजना के विरोध में चलाया जा रहा राज्यव्यापी आंदोलन अपने चौथे चरण में जनपद ऊधमसिंह नगर, चम्पावत एवं चमोली में सम्पन्न हुआ। आंदोलन का नेतृत्व प्रदेश अध्यक्ष कर्नल रतन नेगी ने किया।
राज्यव्यापी आंदोलन के प्रथम चरण में गढ़वाल मंडल के कोटद्वार एवं लैंसडाउन में कार्यक्रम आयोजित किए गए, जबकि द्वितीय चरण में कुमाऊँ मंडल के रामनगर, रानीखेत, अल्मोड़ा एवं हल्द्वानी में व्यापक विरोध प्रदर्शन किया गया। तृतीय चरण में देहरादून, विकासनगर, चकराता, बड़कोट, उत्तरकाशी, नरेंद्रनगर एवं मसूरी सहित विभिन्न क्षेत्रों में आंदोलन आयोजित हुए। वहीं चौथे चरण में खटीमा, चम्पावत, बाजपुर, रुद्रपुर, नैनीताल एवं अन्य स्थानों पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं एवं पूर्व सैनिकों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।
इस आंदोलन में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गणेश गोदियाल, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत सहित कांग्रेस के अनेक वरिष्ठ पदाधिकारी, पूर्व सैनिक, युवा एवं कार्यकर्ता विभिन्न स्थानों पर शामिल हुए।
प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में पत्रकारों को जानकारी देते हुए कांग्रेस पूर्व सैनिक विभाग के अध्यक्ष कर्नल रतन नेगी ने कहा कि उत्तराखण्ड वीर सैनिकों की भूमि रही है तथा राज्य के लगभग 75 प्रतिशत परिवारों का सेना से प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष संबंध रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के युवाओं का सपना भारतीय सेना में भर्ती होकर राष्ट्र सेवा करना रहा है, लेकिन केंद्र सरकार द्वारा सेना भर्ती की अवधि को केवल चार वर्ष तक सीमित कर देने से युवाओं में भारी निराशा और आक्रोश व्याप्त है।
उन्होंने कहा कि अग्निवीर योजना युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ है तथा इससे सेना की परंपरागत व्यवस्था और स्थायी रोजगार के अवसर प्रभावित हो रहे हैं। कांग्रेस पार्टी लगातार इस योजना का विरोध करती रही है और आगे भी युवाओं की आवाज को मजबूती से उठाती रहेगी।
कर्नल रतन नेगी ने केंद्र सरकार से मांग करते हुए कहा कि अग्निवीर योजना को तत्काल समाप्त किया जाए, ताकि उत्तराखण्ड के युवा पुनः सम्मानपूर्वक भारतीय सेना में भर्ती होकर देश सेवा में अपना योगदान दे सकें।
उन्होंने जानकारी दी कि आंदोलन का पांचवां एवं अंतिम चरण 9 मई को जनपद रुद्रप्रयाग एवं चमोली में आयोजित किया जाएगा।
प्रेस वार्ता में प्रदेश महामंत्री राजेंद्र सिंह भंडारी, कैप्टन गोपाल सिंह गढ़िया, सूबेदार बलबीर सिंह, लालचंद शर्मा, कैप्टन कुशाल सिंह राणा, जयदीप सिंह, हवलदार रणबीर लाल एवं डॉ आर. पी. ध्यानी सहित अन्य लोग उपस्थित
