देहरादून। सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियंस (सीटू) का एक प्रतिनिधिमंडल भवन निर्माण एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड, उत्तराखण्ड के सहायक श्रम आयुक्त धर्मराज से मिला और श्रमिकों से जुड़ी विभिन्न मांगों को लेकर एक मांगपत्र सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल की ओर से प्रांतीय सचिव लेखराज ने सहायक श्रम आयुक्त को अवगत कराया कि हालिया बाढ़ से प्रभावित कई श्रमिक बोर्ड में पंजीकृत सदस्य हैं, उन्हें बोर्ड की ओर से मुआवजा दिया जाए तथा क्षतिग्रस्त आवासों के पुनर्निर्माण हेतु सहायता राशि उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने यह भी कहा कि पंजीकरण एवं नवीनीकरण के लिए निर्माण श्रमिक संघ द्वारा जारी प्रमाण-पत्रों पर कार्यवाही रोकना अवैधानिक है, जिसे तत्काल प्रभाव से हटाया जाना चाहिए।
उन्होंने श्रमिक हित में उन क्षेत्रों में श्रमिक सुविधा केंद्र खोले जाने की मांग की, जहां बड़ी संख्या में निर्माण श्रमिक निवास करते हैं। उन्होंने बताया कि मालसी के पास खोला गया केंद्र अत्यधिक दूर होने के कारण श्रमिकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जिससे उनकी दिहाड़ी भी प्रभावित हो रही है। वहां सार्वजनिक परिवहन की भी पर्याप्त सुविधा नहीं है। उन्होंने डी.एल. रोड के आसपास श्रमिक सुविधा केंद्र खोले जाने की मांग की, जिससे बड़ी संख्या में श्रमिक लाभान्वित हो सकें।
इस अवसर पर सीटू के जिला सचिव अभिषेक भंडारी ने लंबे समय से लंबित सहायता आवेदनों पर शीघ्र कार्यवाही किए जाने की मांग उठाई। वहीं सीटू सचिव श्रीमती प्रेमा ने अवगत कराया कि यूनियन से जुड़े कई श्रमिकों को अब तक टूल किट, कंबल, सोलर लालटेन तथा सेनेटरी नेपकिन जैसी सुविधाएं नहीं मिली हैं। इस पर सहायक श्रम आयुक्त ने श्रम प्रवर्तन अधिकारी अमित थपलियाल को तत्काल आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए।
अन्य मांगों के संबंध में सहायक श्रम आयुक्त धर्मराज ने प्रकरणों को उच्च अधिकारियों के समक्ष रखने का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर सीटू के प्रांतीय सचिव लेखराज,कोषाध्यक्ष रविन्द्र नौढ़ियाल, जिला सचिव, अभिषेक भंडारी, सीटू सचिव श्रीमती प्रेमा तथा नरेन्द्र सिंह उपस्थित रहेइस अवसर पर सीटू के प्रांतीय सचिव लेखराज,कोषाध्यक्ष रविन्द्र नौढ़ियाल, जिला सचिव, अभिषेक भंडारी, सीटू सचिव श्रीमती प्रेमा तथा नरेन्द्र सिंह उपस्थित रहे
