देहरादून।सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियंस (सीटू) की राज्य कमेटी की बैठक देहरादून में संपन्न हुई। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि 18 मार्च 2025 को दिल्ली में आयोजित ट्रेड यूनियनों के राष्ट्रीय सम्मेलन में हड़ताल की रूपरेखा तय की जाएगी।
सीटू के राष्ट्रीय सचिव डॉ0 कश्मीर सिंह ने मई के प्रथम सप्ताह में प्रस्तावित अखिल भारतीय हड़ताल के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि यह हड़ताल केंद्र सरकार द्वारा लागू की गई चार श्रम संहिताओं के विरोध में होगी, साथ ही श्रमिक कानूनों को प्रभावी बनाने की मांग की जाएगी। उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा सार्वजनिक संस्थानों के निजीकरण का भी विरोध किया।
सीटू के प्रदेश प्रभारी और राष्ट्रीय सचिव के. उमेश ने कहा कि श्रम संहिताओं को किसी भी कीमत पर श्रमिकों पर लागू नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सीटू अन्य केंद्रीय ट्रेड यूनियनों के साथ मिलकर केंद्र सरकार को इस फैसले से पीछे हटने के लिए मजबूर करेगा। बैठक में उन्होंने श्रम संहिताओं के संभावित खतरों पर भी विस्तार से चर्चा की।
बैठक की अध्यक्षता सीटू के प्रांतीय अध्यक्ष राजेंद्र सिंह नेगी ने की, जबकि संचालन प्रांतीय महामंत्री महेंद्र जखमोला ने किया। बैठक में प्रांतीय सचिव लेखराज, देहरादून जिला अध्यक्ष कृष्ण गुनियाल, रविंद्र कुमार नौडियाल, टिहरी से चिंतामणि थपलियाल, परिवहन से दयाकिशन पाठक, चमोली से जितेंद्र मल, अल्मोड़ा से आर.पी. जोशी, आशा यूनियन से शिवा दुबे, पौड़ी से देवानंद नौटियाल सहित कई पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
