नैनीताल। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने श्री नयना देवी मंदिर में माँ नंदा-सुनंदा की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि एवं मंगलमय जीवन की कामना की। मुख्यमंत्री ने माँ नंदा देवी महोत्सव में भी प्रतिभाग किया और उपस्थित श्रद्धालुओं को संबोधित किया।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की लोक संस्कृति, धार्मिक परंपराएं और आस्था से जुड़ी विरासत प्रदेश की विशिष्ट पहचान हैं। इनका संरक्षण एवं संवर्धन सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक एवं धार्मिक विरासत को संरक्षित करते हुए इसे आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने के लिए निरंतर कार्य किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मानसखंड मंदिर माला मिशन के अंतर्गत कुमाऊँ क्षेत्र के प्राचीन मंदिरों एवं धार्मिक स्थलों का सुनियोजित पुनर्विकास किया जा रहा है। इसके तहत धार्मिक स्थलों के संरक्षण के साथ श्रद्धालुओं के लिए आवश्यक सुविधाओं के विकास पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने गुरुद्वारा परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधों का वितरण किया। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण और हरित उत्तराखंड के संकल्प को जनभागीदारी के माध्यम से आगे बढ़ाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रत्येक व्यक्ति की सहभागिता आवश्यक है।
कार्यक्रम में विधायक सरिता आर्या सहित जनप्रतिनिधि, श्रद्धालु एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे